रांची में छात्र आंदोलन पर पुलिस का बड़ा एक्शन, 600 प्रदर्शनकारियों पर FIR दर्ज
रांची। झारखंड की राजधानी रांची में छात्र आंदोलन को लेकर पुलिस ने बड़ा कदम उठाया है। विधानसभा मार्च के दौरान हुई झड़प और कथित तौर पर सुरक्षा व्यवस्था प्रभावित होने के मामले में पुलिस ने करीब 600 प्रदर्शनकारियों के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज की है। दर्ज मुकदमे में करीब 100 प्रदर्शनकारियों को नामजद, जबकि लगभग 500 लोगों को अज्ञात बताया गया है। इस कार्रवाई के बाद छात्र आंदोलन को लेकर राज्य में राजनीतिक और प्रशासनिक हलचल और तेज हो गई है।
विधानसभा मार्च के दौरान बिगड़े थे हालात
जानकारी के मुताबिक, 10 अगस्त 2026 को JPSC और JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के विरोध में बड़ी संख्या में छात्र विधानसभा की ओर मार्च कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों ने विधानसभा घेराव का ऐलान किया था। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने के लिए सुरक्षा घेरा और बैरिकेडिंग की व्यवस्था की थी।
मार्च के दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों द्वारा सुरक्षा घेरा पार करने की कोशिश के बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई। पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प की स्थिति बनी। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस की ओर से लाठीचार्ज, वाटर कैनन और आंसू गैस के इस्तेमाल की खबरें सामने आईं।
600 लोगों पर दर्ज हुआ मुकदमा
पुलिस की कार्रवाई के बाद अब इस मामले में करीब 600 प्रदर्शनकारियों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। इनमें 100 लोगों को नामजद किया गया है, जबकि 500 अन्य प्रदर्शनकारियों की पहचान अभी नहीं हो सकी है और उन्हें अज्ञात आरोपी बनाया गया है। पुलिस की ओर से मामले की जांच की जा रही है और घटना से जुड़े लोगों की पहचान करने की प्रक्रिया भी आगे बढ़ाई जा रही है।
इस कार्रवाई ने छात्र संगठनों के बीच नाराजगी को और बढ़ा दिया है। आंदोलनकारी छात्र भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों और अनियमितताओं को लेकर लगातार सवाल उठा रहे हैं। छात्रों का कहना है कि उनकी मांगों पर ठोस कार्रवाई होने तक आंदोलन जारी रहेगा। रिपोर्टों के अनुसार, यह आंदोलन कई दिनों से लगातार चल रहा है।
भर्ती परीक्षाओं को लेकर चल रहा है आंदोलन
रांची में चल रहे छात्र आंदोलन का प्रमुख मुद्दा JPSC और JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताएं हैं। छात्र भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और अपनी मांगों पर उचित कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। आंदोलन के दौरान कई बार छात्रों और प्रशासन के बीच बातचीत भी हुई, लेकिन विवाद का पूरी तरह समाधान नहीं हो सका।

विधानसभा मार्च के बाद पुलिस कार्रवाई ने मामले को और गंभीर बना दिया है। अब एक ओर प्रशासन कानून-व्यवस्था बनाए रखने पर जोर दे रहा है, वहीं दूसरी ओर प्रदर्शनकारी छात्र अपनी मांगों को लेकर पीछे हटने के मूड में नजर नहीं आ रहे हैं।
आगे भी आंदोलन जारी रहने के संकेत
FIR दर्ज होने के बावजूद छात्रों का आंदोलन जारी रहने की खबर है। इससे आने वाले दिनों में रांची में प्रशासन के सामने कानून-व्यवस्था बनाए रखने की चुनौती बढ़ सकती है। प्रशासन की ओर से प्रदर्शन और संभावित कार्यक्रमों को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
छात्र आंदोलन से जुड़े इस घटनाक्रम ने झारखंड में भर्ती परीक्षाओं और युवाओं के रोजगार से जुड़े मुद्दों को एक बार फिर चर्चा के केंद्र में ला दिया है। अब सभी की नजर इस बात पर है कि पुलिस की FIR के बाद जांच किस दिशा में आगे बढ़ती है और सरकार तथा आंदोलनकारी छात्रों के बीच बातचीत से कोई समाधान निकलता है या नहीं।
नोट: इस खबर में FIR, प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई से संबंधित तथ्य उपलब्ध ताजा मीडिया रिपोर्टों के आधार पर प्रस्तुत किए गए हैं। आरोपों और FIR में दर्ज धाराओं का अंतिम निर्धारण जांच एवं न्यायिक प्रक्रिया के अधीन है।

