सिसैया खुर्द प्रकरण में सपा प्रतिनिधिमंडल ने पीड़ित परिवारों से की मुलाकात, CBI जांच की मांग
लखीमपुर खीरी/धौरहरा। धौरहरा क्षेत्र के सिसैया खुर्द गांव में 14 सितंबर को हुए विवाद और पुलिस कार्रवाई का मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। घटना के बाद अब राजनीतिक दल भी गांव पहुंचकर पीड़ित ग्रामीणों से जानकारी जुटा रहे हैं। शनिवार को समाजवादी पार्टी का प्रतिनिधिमंडल गांव पहुंचा और कथित रूप से प्रभावित ग्रामीणों तथा उनके परिवारों से मुलाकात कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली।
प्रतिनिधिमंडल ने ग्रामीणों से अलग-अलग बातचीत कर यह जानने का प्रयास किया कि घटना के दौरान क्या हुआ और पुलिस कार्रवाई को लेकर उनकी क्या शिकायतें हैं। सपा नेताओं ने पीड़ित परिवारों को उनकी मांगों को लेकर हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया। प्रतिनिधिमंडल की अगुवाई सपा जिलाध्यक्ष रामपाल सिंह ने की। उनके साथ सपा सांसद आनंद भदौरिया, खीरी सांसद उत्कर्ष वर्मा, पूर्व विधायक एवं पार्टी के राष्ट्रीय सचिव आरएस कुशवाहा, पूर्व विधायक शमशेर बहादुर उर्फ सेरू भैया, पूर्व प्रत्याशी वरुण यशपाल चौधरी सहित अन्य नेता मौजूद रहे।
पुलिस कार्रवाई पर उठे सवाल
सिसैया खुर्द मामले में ग्रामीणों की ओर से आरोप लगाया गया है कि 14 सितंबर की रात पुलिस कार्रवाई के दौरान कई लोगों के साथ मारपीट हुई। स्थानीय स्तर पर सामने आई रिपोर्टों के अनुसार, घटना में महिलाओं और बच्चों के घायल होने की शिकायतें भी सामने आई थीं। वहीं पुलिस और प्रशासन की ओर से मामले की जांच की जा रही है।
सपा सांसद आनंद भदौरिया ने पूरे मामले की सीबीआई जांच कराने की मांग उठाई। उनका कहना है कि घटना की निष्पक्ष तरीके से जांच होनी चाहिए, ताकि वास्तविक स्थिति सामने आ सके। उन्होंने पीड़ित परिवारों के लिए पांच-पांच लाख रुपये मुआवजे की मांग भी रखी। यह मांग पार्टी प्रतिनिधिमंडल की ओर से ग्रामीणों के बीच उठाई गई प्रमुख मांगों में शामिल रही।
प्रतिनिधिमंडल ने पीड़ितों को आर्थिक सहयोग भी दिया। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, 16 पीड़ितों को 10-10 हजार रुपये की सहायता प्रदान की गई। सपा नेताओं ने कहा कि ग्रामीणों की समस्याओं और शिकायतों को संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाया जाएगा तथा निष्पक्ष जांच की मांग जारी रहेगी।
पुलिस विभाग में भी हुई कार्रवाई
सिसैया खुर्द प्रकरण को लेकर पुलिस विभाग की ओर से भी कार्रवाई सामने आई है। पुलिस अधीक्षक डॉ. ख्याति गर्ग ने प्रारंभिक जांच में लापरवाही पाए जाने पर धौरहरा थाने में तैनात पांच पुलिसकर्मियों को निलंबित किया है। इनमें मुख्य आरक्षी विनोद कुमार, अशोक तिवारी तथा आरक्षी मोहित, भारत शर्मा और विशाल शामिल बताए गए हैं। मामले की विभागीय जांच अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी पवन गौतम को सौंपी गई है।
इसके अलावा मामले में पुलिस की ओर से मुकदमा दर्ज कर विवेचना भी की जा रही है। एक अन्य शिकायत के आधार पर घर में घुसकर मारपीट के आरोप में छह लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज किए जाने की जानकारी भी सामने आई है। ऐसे में पूरे प्रकरण में अलग-अलग पक्षों की शिकायतों और आरोपों की जांच महत्वपूर्ण हो गई है।
सिसैया खुर्द प्रकरण को लेकर अब राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। सपा प्रतिनिधिमंडल के दौरे के बाद ग्रामीणों की मांगों और पुलिस कार्रवाई की निष्पक्ष जांच का मुद्दा फिर प्रमुखता से सामने आया है। अब निगाहें जांच की रिपोर्ट और आगे होने वाली प्रशासनिक एवं कानूनी कार्रवाई पर टिकी हैं।

