दुलही के एस.के. पब्लिक इंटर कॉलेज में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाई गई गांधी-शास्त्री जयंती
लखीमपुर खीरी/दुलही। सत्य, अहिंसा, सादगी, अनुशासन और राष्ट्रीय स्वाभिमान के संदेश को आत्मसात करने के संकल्प के साथ शुक्रवार, 2 अक्टूबर 2026 को एस.के. पब्लिक इंटर कॉलेज दुलही, खीरी के प्रांगण में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं भारत के पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती श्रद्धा, गरिमा और उत्साह के साथ मनाई गई। कार्यक्रम में विद्यालय के विद्यार्थियों, शिक्षकों और अतिथियों ने दोनों महान विभूतियों को श्रद्धापूर्वक नमन किया।
कार्यक्रम की शुरुआत विद्यालय की मुख्य अतिथि श्रीमती सलमा खातून द्वारा ध्वजारोहण के साथ हुई। इसके बाद दीप प्रज्वलित कर महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री के चित्रों पर माल्यार्पण और पुष्प अर्पित किए गए। इस दौरान विद्यालय परिसर में देशभक्ति और राष्ट्रप्रेम का माहौल देखने को मिला।
विद्यार्थियों ने प्रस्तुत किए प्रेरणादायक कार्यक्रम
जयंती समारोह के दौरान विद्यालय के विद्यार्थियों ने विभिन्न प्रेरणादायक प्रस्तुतियां देकर उपस्थित लोगों का ध्यान आकर्षित किया। छात्र-छात्राओं ने अपने कार्यक्रमों के माध्यम से महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री के जीवन, विचारों तथा देश के प्रति उनके योगदान को सामने रखा।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों ने न केवल मनोरंजन किया, बल्कि उन्हें देश के महान स्वतंत्रता सेनानियों और राष्ट्रनिर्माताओं के जीवन से सीख लेने का संदेश भी दिया। विद्यालय परिसर में मौजूद लोगों ने विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों की सराहना की।
गांधी जी के सत्य और अहिंसा के विचारों पर दिया जोर
विद्यालय के प्रधानाचार्य एवं शिक्षकों ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए महात्मा गांधी के जीवन और उनके विचारों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि गांधी जी का जीवन सत्य, अहिंसा, आत्मअनुशासन और समाज सेवा का संदेश देता है। उनके विचार आज भी विद्यार्थियों और समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।
2 अक्टूबर को देशभर में महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री की जयंती मनाई जाती है। गांधी जयंती के अवसर पर सत्य, अहिंसा और स्वच्छता जैसे मूल्यों को याद किया जाता है, जबकि शास्त्री जयंती पर उनके सादगीपूर्ण जीवन, ईमानदारी और राष्ट्रसेवा को स्मरण किया जाता है।
शास्त्री जी की सादगी और देशभक्ति बनी प्रेरणा
शिक्षकों ने विद्यार्थियों को भारत के पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री के जीवन से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं की जानकारी देते हुए कहा कि उनका सरल जीवन, अनुशासन, ईमानदारी और देश के प्रति समर्पण युवाओं के लिए प्रेरणादायक है। उनका प्रसिद्ध नारा “जय जवान, जय किसान” देश के सैनिकों और किसानों के सम्मान तथा राष्ट्र के प्रति उनके योगदान को रेखांकित करता है।
विद्यालय परिवार ने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे महापुरुषों के जीवन से प्रेरणा लेते हुए अपने व्यवहार में सत्य, अनुशासन, मेहनत, स्वच्छता और जिम्मेदारी जैसे मूल्यों को अपनाएं। शिक्षकों ने कहा कि राष्ट्र का निर्माण केवल बड़े कार्यों से नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी और सकारात्मक सोच से होता है।
स्वच्छ और सशक्त भारत के निर्माण का लिया संकल्प
समारोह के दौरान विद्यार्थियों एवं विद्यालय परिवार ने समाज और राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझने तथा महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री के बताए आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय परिवार की ओर से दोनों महान विभूतियों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। उपस्थित लोगों ने कहा कि गांधी जी का सत्य और अहिंसा का संदेश तथा शास्त्री जी की सादगी, ईमानदारी और राष्ट्रभक्ति आने वाली पीढ़ियों को हमेशा प्रेरित करती रहेगी।
इस अवसर पर विद्यालय परिसर में आयोजित कार्यक्रम ने विद्यार्थियों में देशप्रेम, अनुशासन और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया।

