लखीमपुर खीरी: सड़क हादसों में जान गंवाने वाले दो होमगार्ड जवानों के परिवारों को 76 लाख की सहायता
लखीमपुर खीरी। सड़क दुर्घटनाओं में जान गंवाने वाले दो होमगार्ड जवानों के परिवारों को आर्थिक सहायता प्रदान की गई है। जिला प्रशासन की ओर से दोनों दिवंगत जवानों की पत्नियों को 38-38 लाख रुपये की बीमा राशि के चेक सौंपे गए। इस तरह दोनों परिवारों को कुल 76 लाख रुपये की सहायता मिली है। शुक्रवार को जिलाधिकारी अंजनी कुमार सिंह ने परिजनों को चेक प्रदान किए।
मिली जानकारी के अनुसार, यह सहायता सड़क हादसों में जान गंवाने वाले होमगार्ड जवान श्याम मुरारी और राजकुमार बघेल के परिवारों को दी गई है। श्याम मुरारी की पत्नी प्रियंका और राजकुमार बघेल की पत्नी गुड्डी देवी को 38-38 लाख रुपये के चेक सौंपे गए। इस आर्थिक मदद से दोनों परिवारों को कठिन समय में सहारा मिलने की उम्मीद है।
मानदेय खातों से जुड़ी बीमा योजना के तहत मिली रकम
अधिकारियों के मुताबिक, यह राशि एक्सिस बैंक में संचालित मानदेय खातों पर लागू व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा योजना के अंतर्गत प्रदान की गई है। योजना का उद्देश्य दुर्घटना में जान गंवाने वाले जवानों के आश्रितों को आर्थिक सुरक्षा उपलब्ध कराना है, ताकि परिवारों को अचानक आई आर्थिक कठिनाइयों का सामना करने में कुछ राहत मिल सके।
ड्यूटी और सेवा से जुड़े जवानों के परिवारों के लिए ऐसी सहायता महत्वपूर्ण मानी जाती है। परिवार के कमाने वाले सदस्य की असमय मृत्यु के बाद घरेलू खर्च, बच्चों की पढ़ाई और अन्य जरूरतों को पूरा करना चुनौती बन जाता है। ऐसे में बीमा राशि परिवार को आगे की जिम्मेदारियां संभालने में मदद कर सकती है।
चेक वितरण के दौरान अधिकारी रहे मौजूद
चेक वितरण के अवसर पर एसडीएम अर्चना ओझा, एक्सिस बैंक के अग्रणी जिला प्रबंधक (एलडीएम) अशोक गुप्ता, जिला कमांडेंट होमगार्ड रामाकांत पाठक, प्लाटून कमांडर गिरीश कुमार और एक्सिस बैंक की भंसारिया शाखा के प्रबंधक सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
कार्यक्रम के दौरान दोनों परिवारों को सहायता राशि के चेक सौंपे गए। प्रशासन और बैंक अधिकारियों की मौजूदगी में पूरी प्रक्रिया संपन्न हुई।
इस सहायता से दिवंगत जवानों के परिवारों को आर्थिक संबल मिलेगा। सड़क हादसों में अपने परिजनों को खोने का दुख तो कम नहीं किया जा सकता, लेकिन समय पर मिलने वाली आर्थिक सहायता परिवारों को भविष्य की चुनौतियों का सामना करने में राहत दे सकती है।
लखीमपुर खीरी में हुई यह पहल दुर्घटना में जान गंवाने वाले होमगार्ड जवानों के आश्रितों को आर्थिक सुरक्षा उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।


